वैष्णो देवी कैसे जाएं संपूर्ण जानकारी

 वैष्णो देवी कैसे जाएं संपूर्ण जानकारी

Vaishno Devi bhagwan

जय माता दी वैष्णो देवी जाने के मार्ग तो कई रास्ते हैं आप लोग चाहे तो फ्लाइट द्वारा ट्रेन द्वारा या फिर बस द्वारा या फिर बाय कार जो भी साधन हो उसके जरिए आप लोग वैष्णो देवी पहुंच सकते हैं अगर आप लोग फ्लाइट से जाते हैं तो

फ्लाइट से वैष्णो देवी कैसे जाएं

विमान सेवा वैष्णो देवी
 वैष्णो देवी 

अगर आप लोग फ्लाइट से  भी जाते हैं तो देश के प्रत्येक राज्य से आपको जम्मू के लिए फ्लाइट मिल जाएगी जम्मू से फिर आप बाई ट्रेन या फिर टैक्सी सेवा का उपयोग कर सकते हैं अगर आप लोग अदर कंट्री से हो तो आप लोगों को सबसे पहले दिल्ली एयरपोर्ट आना होगा जो कि हमारे देश का अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट है वहां से आपको फिर जम्मू के लिए फ्लाइट लेनी होगी या फिर ट्रेन भी ले सकते हैं और टैक्सी सुविधा भी अवेलेबल है कटरा के लिए आप लोगों को ट्रेन ,टैक्सी, बस का ही चुनाव करना होगा क्योंकि फ्लाइट सेवा सिर्फ जम्मू एयरपोर्ट तक ही अवेलेबल होगी उसके आगे का सफर आपको ट्रेन बस या फिर प्राइवेट टैक्सी द्वारा तय करना होगा

 ट्रेन से वैष्णो देवी कैसे जाएं

वैष्णो देवी ट्रेन
वैष्णो देवी कैसे जाएं

अगर आप लोग वैष्णो देवी या फिर कटरा रेलवे स्टेशन तक ट्रेन से पहुंचना चाहते हैं तो देश के सभी राज्यों से कटरा रेलवे स्टेशन के लिए या फिर वैष्णो देवी रेलवे स्टेशन के लिए जो कि एक ही है सीधी ट्रेनें चलती है कुछ ट्रेनें कटरा तक जाती है या फिर जम्मू रेलवे स्टेशन तक चलती है इन ट्रेनों में से आप लोगों को सीधे कटरा या फिर श्री माता वैष्णो देवी कटरा जो कि इस रेलवे स्टेशन का पूरा नाम है यहां के लिए ट्रेन लेनी होगी श्री माता वैष्णो देवी रेलवे स्टेशन पर आते ही आप लोगों को आपकी सुविधा अनुसार आपकी यात्रा पर्ची बना लेनी है मगर एक बात का ध्यान रखना है अगर आप लोग यात्रा पर्ची बनवाने के बाद 6 घंटे के अंदर ही पहली चेक पोस्ट जो की बाढ़ गंगा कहलाती है उसे पार कर सकते हैं तो ही यात्रा परची बनवाएं या फिर जिस वक्त आपको यात्रा शुरू करनी है उसके दो 6 घंटे पहले भी यात्रा परची बनवा सकते हैं सर्दियों के मौसम में दो 2 घंटे पहले ही आपको यात्रा परची आसानी से मिल सकती है अगर आप लोग गर्मियों के मौसम में श्री माता वैष्णो देवी जा रहे हैं तो आप लोग यात्रा पर्ची हो सके तो ऑनलाइन ही बुक करवा ले गर्मियों के मौसम में वहां पर भीड़ ज्यादा होती है वैसे भी श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के अनुसार 1 दिन में 50000 ही लोग माता रानी के दर्शन के लिए जा सकते हैं इन बातों को आप लोगों को ध्यान रखना है
पहली चेक पोस्ट से जो की बाढ़ गंगा कहलाती है वहां से माता रानी के भवन की दूरी कुल 13 किलोमीटर है

वैष्णो देवी में होटल कैसे बुक करें

होटल बुक करने के लिए वैसे तो वैष्णो देवी में कई होटल है जो कि आप लोगों को ₹350 से लेकर की ₹5000 तक के होटल मिल जाएंगे आप लोग अपनी सुविधा अनुसार ऑनलाइन या फिर स्पोर्ट पर जाकर आपके होटल बुक कर सकते हैं अगर आप लोग चाहे तो श्री माता वैष्णो देवी की वेबसाइट पर जाकर जिसका नामwww. Shri Mata vaishno Devi sign board .in पर जाकर श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के होटल को बुक कर सकते हैं जो कि आपको उचित दामों पर मिल सकते हैं

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दर्शन के लिए चढ़ाई कब शुरू करें



वैसे तो दर्शन का रास्ता 24 घंटे शुरू रहता है मगर दर्शन के लिए चढ़ाई का सबसे अच्छा समय सुबह का होता है जिससे कि आपको कठिनाइयों का सामना ना करना पड़े क्योंकि रात के वक्त ठंड बहुत बढ़ जाती है और दिन के वक्त मौसम साफ रहता है और रास्ते में सभी दुकानें खुली हुई होती है आप लोगों को थकावट महसूस होने पर आप लोग कहीं पर भी रुक कर चाय नाश्ता या भोजन आसानी से कर सकते हैं

चढ़ाई की शुरुआत कहां से करें

चढ़ाई के लिए शुरुआत आप लोगों को बाणगंगा चेक पोस्ट से करनी है उसके लिए सर्वप्रथम आपको यात्रा पर्ची निकालना या उसका रजिस्ट्रेशन करवाना अनिवार्य है जो कि आपको श्री माता वैष्णो देवी के रेलवे स्टेशन पर या फिर कटरा में स्थित बस स्टैंड के पास ऑफिस काउंटर से फ्री में मिल जाएगी या फिर आप लोग श्री माता वैष्णो देवी साइन बोर्ड की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन यात्रा पर्ची प्राप्त कर सकते हैं यात्रा शुरू करते वक्त आप लोगों को कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है जो कि अगर आप सर्दियों के मौसम में जा रहे हैं तो ऊपर मां के भवन पर जाते वक्त गर्म कपड़े अवश्य साथ ले जाए हो सके तो अगर आप लोगों का 1 दिन में जाकर वापस आना नहीं हुआ तो आप लोगों को रात को वहां पर रहना पड़ सकता है और हो सके तो उसके लिए आप माता रानी के भवन पर या फिर अर्धक्वांरी में ऑनलाइन रूम बुक कर लीजिए

बालगंगा से यात्रा की शुरुआत

बालगंगा चेक पोस्ट से आप लोगों को आपकी यात्रा पर्ची स्कैन कर कर और आपकी चेकिंग होने के बाद आपको अंदर प्रवेश दिया जाएगा वहां से आप लोगों को यात्रा की शुरुआत करनी है नजदीकी आप लोगों को घोड़ा खच्चर पिट्ठू की सुविधा मिल जाएगी जो कि आपको श्री माता वैष्णो देवी साइन बोर्ड की काउंटर से ही बुक करनी है अर्ध कुंवारी तक घोड़े वाले आपसे ₹650 चार्ज करेंगे अगर आप लोग पैदल जाना चाहते हैं तो बहुत अच्छी बात है पैदल जाते वक्त वहां से नजदीकी आपको गुलशन कुमार का लंगर मिलेगा जहां पर आप फ्री में भोजन कर सकते हैं उसके बाद आपको पहला चरण इच्छापूर्ति देवी देवी का लगेगा 




उसके बाद चरण पादुका मंदिर मिलेगा जहां पर माता वैष्णो देवी के पहली बार चरण गिरे थे उस मंदिर को चरण पादुका मंदिर भी कहा जाता है इस मंदिर के दर्शन करने के पश्चात आप लोग अपनी यात्रा शुरू रखें उसके बाद आप लोगों को अर्ध कुंवारी मंदिर मिलेगा 

अर्ध कुंवारी मंदिर पर दर्शन करने के लिए काफी वक्त लगता है वहां पर आप लोगों को अपनी यात्रा पर्ची दिखाकर एक दूसरा टोकन नंबर लेना पड़ता है उस टोकन नंबर के अनुसार जब अपने ग्रुप का नंबर आएगा तभी आपका दर्शन का नंबर आएगा इस टोकन नंबर का नंबर आते आते कम से कम 5 से 6 घंटे का वक्त लग जाएगा 5 से 6 घंटे वहां पर रुकने से बढ़िया आप अपनी यात्रा शुरू रखें और मां के भवन के लिए प्रस्थान करें अगर आप लोग चाहे तो वहां पर रुक भी सकते हैं वहां पर आप लोगों को फ्री में रूम अवेलेबल हो जाएगी और कंबल भी फ्री में मिल जाएगी जिसका आपको मात्र ₹100 डिपॉजिट देना पड़ता है माता रानी के भवन के दर्शन करने के पश्चात और भैरव बाबा के दर्शन करने के पश्चात आप वापस आते वक्त अर्धक्वांरी में एक बार चेक कर लीजिए क्या आपका नंबर आ चुका है अगर आपका नंबर आ चुका है तो आप लोग बड़ी आसानी से माता अर्धकुमारी के दर्शन कर सकते हैं जो कि एक बहुत ही महत्वपूर्ण दर्शन है मगर भैरव बाबा के दर्शन किए बगैर आपकी यात्रा असफल नहीं मानी जाएगी अगर आप लोग चाहे तो माता रानी के भवन पर फ्री में रह सकते हैं जहां से भैरो बाबा के रोपवे की टिकट मिलती है उसी कॉन्प्लेक्स में कई रूम बनाए हुए हैं जो कि फ्री होते हैं मगर वहां पर जो पहले जाएगा उसको रूम मिलेगा इस तर्ज पर रूम मिलती है और अर्ध कुंवारी की भर्ती वहां पर भी आप को कंबल फ्री में मिल जाएंगे मैं आशा करता हूं कि आप लोगों के माता रानी के दर्शन करने के पश्चात भैरव बाबा के दर्शन करने पर आप लोगों की यात्रा सफल हो
अगर आप लोगों को वक्त मिले अर्ध कुंवारी के दर्शन जो कि गर्भ जून गुफा कहलाती है उसके दर्शन जरूर करें इस गुफा के दर्शन बहुत-बहुत महत्वपूर्ण है कहा जाता है कि जब भैरव माता के पीछे लगा था तब माता ने इसी गुफा में रहकर 9 महीने तपस्या की थी जैसा बालक माता की गर्भ में रहता है उसी भांति इस गुफा के दर्शन करने के पश्चात मान्यता है कि मनुष्य को मोक्ष की प्राप्ति होती है अगर वह दूसरा जन्म लेता है तो उसका जीवन दुखों से भरा होता है और इस जन्म के भी उसके सारे दुख दूर हो जाते हैं और किसी कारणवश  अगर  उसे दूसरा जन्म लेना पड़ता है तो उसे गर्भ में कोई भी तकलीफ नहीं होती है और उसका जीवन  सुख एवं ऐश्वर्य से  भरा होता है अगर आप लोगों को हमारे द्वारा दी गई जानकारी अच्छी लगे तो हमारे इस वेबसाइट  को जरूर शेयर करें और फॉलो करे जय माता दी अगर कुछ जानकारी रह गई हो और आप लोगों के कुछ सवाल हो तो आप मुझे मेल कर सकते हैं
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