पाकिस्तान के हिंदू मंदिर में मुस्लिम करते हैं पूजा

पाकिस्तान के हिंगलाज माता मंदिर में हिंदू मुस्लिम साथ मिलकर करते हैं पूजा

हिंगलाज माता मंदिर पाकिस्तान
हिंगलाज माता मंदिर पाकिस्तान




संपूर्ण दुनिया में हमारे भारत देश को धर्म आस्था के साथ साथ मंदिरों की भूमि भी कहा जाता है परंतु एक मुस्लिम राष्ट्र  पाकिस्तान ऐसा भी है जहां पर हिंदू मुस्लिम दोनों साथ मिलकर हिंगलाज माता मंदिर में पूजा करते हैं हिंदू इसे शक्तिपीठ हिंगलाज माता के नाम से पूजते हैं और मुस्लिम नानी का हज के नाम से पूजते हैं

हिंगलाज माता मंदिर भारत के धार्मिक 51शक्तिपीठों में से एक शक्तिपीठ माना जाता है जोकि भारत से बाहर पाकिस्तान के बलूचिस्तान में स्थित है चलिए पहले विस्तार से जान लेते हैं  51 शक्तिपीठों के बारे में 

कैसे अस्तित्व में आए 51 शक्ति पीठ


हिंगलाज माता मंदिर
हिंगलाज माता मंदिर


51 शक्तिपीठों की कथा इस प्रकार है कि कहा जाता है कि माता पार्वती के पिता और भगवान शिव के ससुर जोकि राजा दक्ष थे उन्होंने उनके राज्य में एक भव्य यज्ञ का आयोजन किया हुआ था और उन्होंने इस यज्ञ में सभी देवी देवताओं को आमंत्रित किया था परंतु उन्होंने अपने दामाद भगवान शिव को आमंत्रित नहीं किया क्योंकि वह अपने दामाद से ईर्ष्या करते थे परंतु यह बात माता पार्वती को बुरी लगी और वह अपने पिता के यहां गई और अपने पिता से इस विषय में नाराजगी व्यक्त की परंतु राजा दक्ष  भगवान शिव के बारे में अपशब्द कहने लगे यह बात माता सती को सहन नहीं हुई और उन्होंने अग्नि कुंड में उसी स्थान पर अपना देह त्याग दिया

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इस बात का भगवान शिव को पता चलते ही वह बड़े क्रोधित हुए और माता सती के शव को अपने कांधे पर लिए संपूर्ण ब्रह्मांड में तांडव करने लगे इस कारण संपूर्ण ब्रह्मांड का नाश हो सकता था तभी भगवान विष्णु ने भगवान शिव को शांत करने के लिए अपने सुदर्शन चक्र से माता सती के शरीर के  51 टुकड़े कर दिए इन टुकड़ों के साथ माता सती के  अंग वस्त्र  चूड़ामणि  जिस जिस स्थान पर गिरे वह स्थान शक्तिपीठ के नाम से जाने जाते हैं

इनमें से कई शक्तिपीठ विदेशों में भी स्थित है जिसमें भारत में 42 शक्तिपीठ पाकिस्तान में 1 शक्तिपीठ बांग्लादेश में 4 शक्तिपीठ श्रीलंका में 1 शक्तिपीठ तिब्बत में 1 शक्तिपीठ और नेपाल में 2 शक्तिपीठ है

इन्हीं में से 1 शक्तिपीठ हिंगलाज माता शक्तिपीठ के नाम से जाना जाता है यह 47 वे नंबर का शक्तिपीठ है जहां पर माता सती का सर का भाग गिरा था जोकि आज हिंगलाज देवी शक्तिपीठ  या फिर  नानी का हज के नाम से  पाकिस्तान मैं पूजा जाता है परंतु भारत में भी हिंगलाज मातााा मंदिर होने कई तथ्य सामने आते हैं और कहां जाता है कि यह मंदिर भारत में स्थित है उनमेंंं कई राज्य राजस्थान , मध्य प्रदेश इन राज्यों मैं हिंगलाज माता मंदिर होने का दावा करती है

चलिए जानते हैं पाकिस्तान के हिंगलाज माता शक्तिपीठ के बारे मे


हिंगलाज माता मंदिर
हिंगलाज माता मंदिर



यह हिंगलाज माता शक्तिपीठ मंदिर मुस्लिम राष्ट्र में होने के कारण भी हिंदू और मुस्लिम दोनों को पूजनीय है कहा जाता है कि यह शक्तिपीठ मंदिर आज से 2000 वर्ष पुराना माना जाता है यह शक्तिपीठ पाकिस्तान के बलूचिस्तान में कराची से 60 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है

इस मंदिर में हिंदू मुस्लिम दोनों साथ साथ  दुर्गा माता के सती रूप की पूजा बड़े भाव से करते हैं मुस्लिम इसे नानी का हज के नाम से पूजते हैं और हिंदू इसे माता दुर्गा के शक्तिपीठ रूप मैं पूछते हैं 
कहा जाता है कि गुरु गोरखनाथ गुरु नानक देव भी पूजा के लिए यहां पर आए थे और यहां तक भी कहा जाता है कि भगवान श्रीराम भी रावण का वध करने के बाद ब्रह्म हत्या से मुक्ति पाने के लिए इस मंदिर में दर्शन के लिए आए थे और साथ-साथ ही उन्होंने यहां पर एक यज्ञ भी किया था इस मंदिर में माता हिंगलाज देवी की पूजा करने से पहले वहां पर स्थित गणेश मूर्ति की पूजा की जाती है

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इस मंदिर में वैसे तो रोजाना ही भक्तों का मेला लगा रहता है परंतु नवरात्रि के दिनों में दोनों देशों से लाखों की संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए जाते हैं परंतु हम इस मंदिर के दर्शन के लिए आसानी से जा नहीं सकते क्योंकि हमें इस मंदिर में जाने के लिए पाकिस्तान सरकार से परमिशन लेनी होगी क्योंकि यह बात दुनिया से छुपी नहीं है की हमारे देश के पाकिस्तान के साथ राजनीतिक संबंध कैसे हैं परंतु कभी-कभी नवरात्रि की मौकों पर यह परमिशन मिल जाती है

कैसा है हिंगलाज माता मंदिर


यह मंदिर भारत के वैष्णो देवी मंदिर की ही भर्ती एक गुफा में जोकि  एक ऊंची पहाड़ी पर स्थित है जिसकी नजदीकी हिंगलाज नामक नदी भी बहती है कहा जाता है कि इस नदी में स्नान करने के पश्चात जो भी भक्त इस मंदिर के सच्ची श्रद्धा और भावना से दर्शन कर लेता है उसे पिछले जन्म के पापों से मुक्ति मिल जाती है और पिछले जन्म के पापों को इस जन्म में भुगतना नहीं पड़ता है

दोस्तों यह थी पाकिस्तान में स्थित हिंदू मंदिर की जानकारी जहां पर हिंदू मुस्लिम दोनों साथ मिलकर माता हिंगलाज देवी को बड़े श्रद्धा और भाव से पूछते हैं
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